google.com, pub-3332830520306836, DIRECT, f08c47fec0942fa0
Search

कोरोना संकट से जूझ रहे MSME को राहत देने के लिए विश्व बैंक और भारत ने 750 मिलियन डॉलर समझौता किया


विश्व बैंक और भारत सरकार ने 06 जुलाई 2020 को ‘एमएसएमई आपातकालीन उपाय कार्यक्रम’ के लिए 750 मिलियन डॉलर के समझौते पर हस्ताक्षर किये. इस समझौते का मुख्‍य उद्देश्‍य कोविड-19 संकट से बुरी तरह प्रभावित सूक्ष्म, लघु एवं मध्यम उद्यमों (एमएसएमई) को वित्त का प्रवाह बढ़ाने में आवश्‍यक सहयोग प्रदान करना है.

केंद्रीय वित्त मंत्रालय के अनुसार, यह एमएसएमई सेक्‍टर को समय के साथ आगे बढ़ाने के लिए आवश्‍यक सुधारों के बीच पहला कदम है. विश्व बैंक का ‘एमएसएमई आपातकालीन उपाय कार्यक्रम’ लगभग 1.5 मिलियन लाभप्रद एमएसएमई की नकदी और ऋण संबंधी तात्कालिक आवश्यकताओं को पूरा करेगा. इससे उन्‍हें मौजूदा सदमे के प्रभावों को झेलने के साथ-साथ लाखों नौकरियों की रक्षा करने में भी मदद मिलेगी.


समझौते पर हस्ताक्षर

इस समझौते पर भारत सरकार की तरफ से वित्त मंत्रालय के आर्थिक कार्य विभाग में अपर सचिव समीर कुमार खरे और विश्व बैंक की ओर से कंट्री डायरेक्टर (भारत) जुनैद अहमद ने हस्ताक्षर किये.

मुख्य बिंदु

• विश्व बैंक ने एमएसएमई परियोजना सहित भारत के आपातकालीन कोविड-19 उपायों में आवश्‍यक सहयोग देने के लिए अब तक 2.75 अरब डॉलर देने की प्रतिबद्धता व्‍यक्‍त की है.

• एक अरब डॉलर की पहली आपातकालीन सहायता की घोषणा भारत के स्वास्थ्य क्षेत्र में तत्काल सहयोग देने के लिए इस साल अप्रैल महीने में की गई थी.

1 view0 comments
Design Paper
Contact Us

Contact Information

…  6209908627  

  • Whats app
  • LinkedIn
  • Facebook
  • Twitter

                                              Thanks for your interest in Nutangyankosh.

                      For more information, feel free to get in touch and I will get back to you soon!

©2020 by nutangyankosh. Proudly created with Wix.com